पुणे | 4 नवंबर 2025
Shankar Maharaj scam: पुणे के कोथरूड इलाके में एक हैरान करने वाला मामला सामने आया है, जहां एक शिक्षित दंपती को ‘शंकर महाराज’ के नाम पर 14 करोड़ रुपये का चूना लगाया गया। आरोप है कि झूठे धार्मिक दावे कर भोंदूबाबा और उसकी साथी ने दंपती से उनकी पूरी संपत्ति हड़प ली।
इंग्लैंड का घर और फार्महाउस भी बिकवाया
जानकारी के अनुसार, दीपक डोळस एक नामी आईटी कंपनी में इंजीनियर हैं और उनकी पत्नी शिक्षिका हैं। साल 2018 में जब उनकी बेटी बीमार पड़ी, तब वे मदद के लिए आरोपी दीपक खडके के पास गए। वहां वेदिका पंढरपूरकर नाम की महिला ने खुद को ‘शंकर महाराज’ की भक्त बताकर कहा कि उनके शरीर में महाराज आते हैं।
दंपती को झांसे में लेकर उसने कहा कि “अगर आप अपनी संपत्ति मेरे नाम करेंगे तो आपकी बेटी जल्द ठीक हो जाएगी।” अंधविश्वास में फंसे डोळस दंपती ने बैंक खाते के पैसे और निवेश की रकम वेदिका के खाते में डाल दी।
सारे पैसे देने के बाद भी बेटी ठीक नहीं हुई
कई महीनों बाद जब दंपती ने सवाल किया कि बेटी की तबीयत में सुधार क्यों नहीं हो रहा, तो आरोपियों ने नया बहाना बनाया कि उनके घर में दोष है। उन्होंने दंपती को इंग्लैंड में स्थित घर और फार्महाउस बेचने को मजबूर किया और वह पैसा भी अपने खाते में मंगवाया। इसके बाद उन्होंने पुणे में स्थित प्लॉट और फ्लैट भी बिकवाकर सारे पैसे हड़प लिए।
जब दंपती ने घर बेचने से मना किया, तब खुला राज
सारी संपत्ति खोने के बाद आरोपी यहीं नहीं रुके। उन्होंने दंपती पर अपना एकमात्र घर बेचने का दबाव बनाया। जब दंपती ने मना किया, तब आरोपियों ने घर को गिरवी रखकर लोन लिया और उसी पैसे से एक आलीशान बंगला खरीद लिया।
घर बेचने से इनकार के बाद यह पूरा मामला खुलकर सामने आया। दंपती ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई।
सात साल में 14 करोड़ की ठगी, पुलिस जांच जारी
इस पूरे मामले में दंपती से करीब सात साल में कुल 14 करोड़ रुपये की ठगी की गई है। पुलिस ने दीपक खडके और वेदिका पंढरपूरकर के खिलाफ मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पुलिस का कहना है कि भोंदूबाबा और उसकी साथी लोगों की आस्था का फायदा उठाकर लंबे समय से ऐसी ठगी कर रहे थे।





