Updated: 11 नवंबर 2025
Pune Accident: पुणे–मुंबई महामार्ग पर दर्दनाक हादसा, कार्तिकी वारी जा रहे वारकरी की दिंडी में घुसा कंटेनर – एक महिला की मौत, आठ घायल
पुणे-मुंबई पुराने महामार्ग पर मंगलवार की सुबह एक दिल दहला देने वाला हादसा हुआ। कार्तिकी वारी के लिए आळंदी की ओर जा रहे वारकरी के समूह (दिंडी) में एक तेज़ रफ्तार कंटेनर जा घुसा। इस भीषण दुर्घटना में एक महिला वारकरी की मौके पर ही मौत हो गई जबकि आठ अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए। यह हादसा सुबह करीब 6 बजे कामशेत घाट के पास हुआ।
मृत महिला की पहचान प्रियांका तांडेल (उम्र 55 वर्ष, निवासी उरण) के रूप में हुई है। वे “श्री दावजी पाटील दिंडी” के साथ पैदल यात्रा कर रही थीं और आळंदी की ओर बढ़ रही थीं। स्थानीय पुलिस ने बताया कि यह दिंडी सोमवार रात उरण से रवाना हुई थी और सुबह के समय कामशेत घाट से गुजर रही थी।
कैसे हुआ हादसा?
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, दिंडी के आगे से आ रहा कंटेनर अचानक तेज़ी से फिसला और चालक का नियंत्रण पूरी तरह से खो गया। देखते ही देखते वह सीधे वारकरी की कतार में घुस गया। कई लोगों ने चीख-पुकार सुनते ही किनारे भागने की कोशिश की, लेकिन कुछ लोग कंटेनर की चपेट में आ गए। हादसे के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई।
कंटेनर की रफ्तार इतनी ज़्यादा थी कि उसने कई लोगों को कुछ फीट दूर तक उछाल दिया। मौके पर मौजूद लोगों ने तुरंत घायल वारकरी को पास के अस्पताल पहुंचाया, जबकि कुछ ने पुलिस को घटना की जानकारी दी। पुलिस और आपातकालीन सेवाओं की टीम कुछ ही मिनटों में घटनास्थल पर पहुंची।
घायलों की स्थिति स्थिर
हादसे में घायल आठ वारकरी को तत्काल पास के निजी अस्पताल और कामशेत उपजिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। चिकित्सकों के अनुसार, सभी घायल अब खतरे से बाहर हैं और उनका इलाज जारी है। प्रशासन ने मृत महिला के परिजनों से संपर्क कर उन्हें सहायता राशि देने की बात कही है।
पुलिस ने मौके से कंटेनर चालक को हिरासत में ले लिया है और उससे पूछताछ शुरू कर दी गई है। प्राथमिक जांच में सामने आया कि वाहन का ब्रेक अचानक फेल हुआ था। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि वाहन का तकनीकी निरीक्षण कब और कैसे किया गया था।
घटनास्थल पर जाम और अफरातफरी
हादसे के तुरंत बाद महामार्ग पर ट्रैफिक कई घंटों तक बाधित रहा। कंटेनर के सड़क पर अटकने से दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई। स्थानीय पुलिस ने भारी संख्या में बल तैनात कर यातायात को धीरे-धीरे सुचारू किया। सुबह के ऑफिस समय में जाम के कारण यात्रियों को काफी परेशानी झेलनी पड़ी।
प्रशासन पर उठे सवाल
हर साल कार्तिकी वारी के दौरान लाखों वारकरी महाराष्ट्र के विभिन्न इलाकों से पैदल यात्रा कर आळंदी पहुंचते हैं। इसके बावजूद सुरक्षा और ट्रैफिक नियंत्रण को लेकर प्रशासनिक तैयारियों पर बार-बार सवाल उठते रहे हैं। इस बार भी हादसे के बाद वारकरी समुदाय ने नाराज़गी जताई और मांग की कि वारी के दौरान हर घाट और हाइवे पर वाहनों की गति पर सख्त नियंत्रण लगाया जाए।
स्थानीय प्रशासन ने घटना की जांच शुरू कर दी है और कहा है कि भविष्य में ऐसे हादसे रोकने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल और ट्रैफिक प्रबंधन की व्यवस्था की जाएगी। साथ ही, कंटेनर मालिक और ट्रांसपोर्ट कंपनी की भी जवाबदेही तय की जाएगी।





